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एक पत्र -भ्रामक प्रचारकों के नाम।

आदरणीय भ्राता।
प्रणाम
आप न भ्रामक प्रचार करें न हिस्सा बने। हम अधिकांश मध्यमवर्गीय परिवारों का उदय कांग्रेस के कार्यकाल में हुआ। भारत का समृद्ध लोकतंत्र कांग्रेस के दूरदर्शी नेताओ की सूझ बूझ का नतीजा है जिसके चलते मोदी जी आज प्रधानमंत्री बने। कांग्रेस से जो भी किया इस देश की लिए ही किया। जहां हमारी जन्मभूमि है वो आज समृद्धि के जिस कगार पे है ये कांग्रेस सरकारों की देन ही है।हमारा सारा परिवार सरकारी नौकरी से ही अपने को खड़ा कर पाया और वो समय कांग्रेस राज का ही था।आप राजनीतिक विरोधी हो सकते है पर देशद्रोही और देशभक्ति किसी पार्टी की जागीर नही हो सकती। जो इस धरती पे पैदा हुआ है वो हर इंसान भारतवासी और देशभक्त है। हर इंसान अपने जीवन मे हज़ार झूठ बोलते है छल कपट करते है धोखा देते है।पैसे की लिए हर तरह के काम को आतुर रहते है पर देश पे आंच की बात आये तो हमेशा जान देने को भी तैयार रहते है।  हमे सकरात्मक राजनीति करनी चाहिए। नकरत्नमकता आसानी से आती है और आसानी से ही किसी मे भरी जा सकती है। नज़रिये में सकरात्मकता लाने के लिये यत्न करना पड़ता है। आप कभी खाली समय मे शान्ति से अपनी उम्र के बीते वर्षों में विकास की गणना करे और केवल एक पेज खुद से लिखे देखिएगा कितनी मेहनत करनी पड़ेगी क्योंकि आपको नज़रिया बदलना पड़ेगा। बंटवारे के समय जो प्रवास या पलायन हुआ मजबूरी थी केआज समृद्ध भारत मे जो मजदूरों का पलायन या प्रवास जो हुआ वो भयावह है।और बटवारें से बहुत बड़ा है। आप मूक रहकर भी सरकार का विरोध जता सकते हैं। भ्रामक पोस्टों से बचें व दूरी बनाये पर कांग्रेस का,राजनेतिक विरोध न त्यागें। देश आपको अच्छे नागरिक के रूप में देख सकने में सक्षम होगा और आभार व्यक्त करेगा।
आपने इतिहास की कक्षा में इइन सबको पढ़ा है और हमारे इतिहास की किताबों में और हमारे सरकारी स्कूलों में मंच से हर समय इनकी कहानियां सुनाई जाती थी। मेरे लिए ये मेरे देश की क्रांति का हिस्सा रहे मेरे दिल में है। फिर कहूंगा नज़रिया सकरात्मक कर भटकाव में न जायें।देश आप का कृतज्ञ रहेगा।
जय हिंद।
"प्रार्थी"
"निर्गुणी"

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